Sarika Rastogi

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 2 years ago

जज्बातों को काबू करना हो या व्यक्त करना हो खुद को,,,, मैं लिख लेती हूँ ,,,,लेखन पूजा है मेरे लिए जिसके बिना सुकून नहीं !!

Member since Mar 19, 2020

ईद का चाँद एक प्रेमकथा

पल्लवी अमीर खानदान की इकलौती बेटी और एक भाई। अपनी ताई की बेटी की शादी में गई और दिल दे बैठी उनके देवर को। पूरी शादी में दो दिल" दीदी...

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दूध का जला छाछ भी फूंक फूंक कर पीता है बेटा

अरे ! ये क्या कह रहे हैं शर्मा जी आप ,,,कोई भूल हो गई हमसे या रिया से।ऐसा है तो हम मिल ही लेते हैं।तीन -चार घंटे का ही सफ़र है ,मैं...

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माँ की चोरियां

कल्पना करिये एक गांव में ब्याही स्त्री जहाँ उसकी खुद की कदर एक काम करने वाली काया से अधिक कुछ नही ।क्या उसकी बच्ची को मिलते होंगे...

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जी चाहता है

कुछ पल अकेले ठहरने को जी चाहता है खुद से करूँ खुद की गुफ्तगूँ वो लम्हे चुराने को  जी चाहता है।

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तुम मेरी सहेली हो

उसका आना मेरे लिए जीवन की नई शुरूवात थी या ये कहो जब से वह मेरी जिंदगी में आई मेरे जीवन को देखने का नजरिया ही बदल गया।छोटी छोटी बातों...

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इंतजार-ए-इश्क

जरा रुक भी जाओ ,मेरी बात तो सुनो श्वेता अब कभी तंग नही करूँगा तुम्हे.......बस आखिरी बार । समीर स्ट्रैचर पकड़े रोये जा रहा था और डॉक्टर...

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चलो चंडीगढ़ चलें

मैं यूपी कायमगंज की और मेरी ससुराल अंबाला है।तो शादी के बाद जब भी कोई मायके से आये तो ये तो कन्फर्म था कि सब चंडीगढ़ तो घूमने जायेंगे...

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बेटियाँ और सांमजस्य

बेटी,लाडो,गुड़िया, राजकुमारी दुलारी......लड़कियाँ....कैसे बड़ी हो जाती हैं न ! सपने बुनते बुनते, भाई बहनों के साथ सामजस्य करते करते।अधिकतर...

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कहीं ये सीरियल वाली सासू जी तो नहीं

सुदर्शी बहुत खुश थी ।उसे पति और परिवार दोनो ही बहुत चाहने वाले जो मिले थे।जबसे विदा होकर ससुराल आई है,,सासू माँ  मुँह ही मुँह निहार...

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पिया का घर प्यारा लगे

माँ के आँगन की नन्ही सी कली कहलाने वाली बेटिंया कब दूसरे के घर की तुलसी बन जाती हैं,,,पता ही नही चलता।जहाँ विदाई के समय ऐसा लगता है...

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