टैग : DAUGHTER'S MARRIAGE

बिदाई की बेला

शादी में बस कुछ महीने का वक़्त बाकी था , मन में खुशियों और उमंगों का सागर था और साथ ही घर छूटने का दुःख। बाजार से बारीख़ी से जांच परखकर खरीदी गयी एक एक चीज़ ,घर से दूर होने के गम को धुंधला कर देती। तो कभी रात को माँ पापा के सोने...

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